class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

छह साल में 5 करोड़ एलपीजी कनेक्शनः देवड़ा

छह साल में 5 करोड़ एलपीजी कनेक्शनः देवड़ा

सरकार ने ग्रामीण क्षेत्रों में रसोई गैस की पहुंच बढ़ाने पर जोर देते हुए अगले छह साल में साढ़े पांच करोड़ नए एलपीजी कनेक्शन जारी करने की कार्य योजना तैयार की है।

सरकार अब महानगरों से निकलकर पांच लाख तक की आबादी वाले शहरों में रसोई गैस सुविधा बढ़ाना चाहती है। पांच लाख की आबादी वाले शहरों में अब मिट्टी तेल उपयोग में लाने वाले सभी परिवारों को रसोई गैस कनेक्शन दिए जाएंगे। इन शहरों के गरीब परिवारों को गैस कनेक्शन देने के लिए तेल कंपनियां राज्य सरकारों के साथ मिलकर काम करेंगी।

पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री मुरली देवड़ा ने मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों और तेल कंपनियों के प्रमुखों की बैठक के बाद शुक्रवार देर शाम पेट्रोलियम क्षेत्र का विजन 2015 जारी करते हुए यह घोषणा की। उन्होंने कहा कि सरकार घरेलू एलपीजी कनेक्शन जारी करने की रफ्तार बढ़ाएगी और अगले छह साल में साढ़े पांच करोड़ नए एलपीजी कनेक्शन जारी किए जाएंगे। इसके साथ ही देश में रसोई गैस उपभोक्ताओं की कुल संख्या 16 करोड़ तक पहंुच जाएगी।

देवड़ा ने बताया कि सरकार का इरादा अगले छह साल में देश की करीब 75 प्रतिशत जनता को एलपीजी सुविधा के दायरे में लाना है। वर्तमान में करीब 50 प्रतिशत आबादी इस सुविधा का लाभ उठा रही है। सरकार का मानना है कि महानगरों और बड़े नगरों में एलपीजी सुविधा काफी कुछ पहुंच चुकी है अब इसका लाभ पांच लाख आबादी वाले शहरों और मिट्टी तेल का उपयोग करने वाले गरीबों तक पहुंचाया जाना जरूरी है।

पेट्रोलियम मंत्रालय ने उपभोक्ता संतुष्टि और उससे आगे पर तैयार विजन 2015 में गैस बुकिंग के लिए एसएमएस सेवा शुरू करने की भी ठानी है। यह सेवा महानगरों से शुरू होकर विभिन्न चरणों में पांच लाख की आबादी वाले शहरों तक पहुंचेगी। मंत्रालय ने कहा है कि एलपीजी से जुड़ी उपभोक्ताओं की शिकायतों के लिए तीन अंकों का टोल प्रœी नंबर भी शुरु किया जाएगा।

रसोई गैस की चोरी रोकने के लिए देशभर में गैस सिलेंडरों में विशेष उपकरण लगाने की शुरुआत की जाएगी इसके अलावा अच्छी किस्म का प्रेशर रेगुलेटर भी लगाया जाएगा। ईंधन खपत में खिफायत वाले स्टार रेटिंग के रसोई गैस स्टोव को बढ़ावा दिया जाएगा। मंत्रालय के विजन 2015 में कहा गया है कि भारत पेट्रोलियम की ‘साझा रसोई घर योजना’ को देशभर में पांच हजार तक की आबादी वाले सभी गांवों तक पहुंचाया जाएगा। इस योजना के लिए तेल कंपनियों के सामुदायिक जिम्मेदारी कोष का भी सहारा लिया जाएगा।

गैस कनेक्शन जारी करने में कोई कोताही नहीं बरती जाएगी तथा कामकाजी पति-पत्नियों के मामले में उनकी सुविधानुसार समय पर सिलेंडर की डिलीवरी की जाएगी, लेकिन यह काम प्रीमियम लेकर किया जाएगा। वर्ष 2015 तक 200 शहरों में सीधे घरों की रसोई में पाइप के जरिए गैस पहुंचाने का लक्ष्य तय किया गया है। वर्तमान में देश के 35 शहरों में 8.60 लाख घरों को ऐसी सुविधा उपलबध है इसके अलावा पांच लाख वाहनों को ईंधन के रुप में गैस उपलब्ध कराई जा रही है।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:छह साल में 5 करोड़ एलपीजी कनेक्शनः देवड़ा