class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

संघर्ष लालू के वश का नहीं: जदयू

जनता दल यू ने कहा है कि पांच मिनट के लिए धरना पर बैठने वाले लालू प्रसाद से संघर्ष होने वाला नहीं है। सत्ता से बाहर होने के बाद अब लालू को विधि व्यवस्था की समस्या दिखाई पड़ने लगी है। हकीकत यह है कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के विकास कार्यो को देखकर लालू प्रसाद घबरा गए हैं।

दल के वरिष्ठ नेता और विधान पार्षद संजय सिंह ने कहा है कि लालू प्रसाद के हाथ और मुंह पर खुद खून के दाग लगे हुए हैं। उनके जैसे व्यक्ति के लिए विधि-व्यवस्था के मसले पर धरना पर बैठना अथवा कोई वक्तव्य देना हास्यास्पद है।

श्री प्रसाद के 15 वर्षो के कार्यकाल में कई नरसंहार हुए। दोषियों को श्री प्रसाद सजा नहीं दिला पाए। उस समय पीड़ित लोगों की जाति पूछकर मुआवजे की घोषणा की जाती थी।

उन्होंने भागलपुर दंगा के आरोपी को अपने दल में शामिल किया। बिहार की जनता अब दुबारा लालू प्रसाद को देखना नहीं चाहती है।

अगर लालू प्रसाद को फिर से सत्ता में आने की उम्मीद है तो वे मुंगेरी लाल के हसीन सपने ही देख रहे हैं। वहीं मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के कार्यो से न केवल अपराधियों को सजा मिली है बल्कि जनता भी अब निडर है। 

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:संघर्ष लालू के वश का नहीं: जदयू