class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

कमिश्नर और डीएम के आदेश के बाद भी हुए फेल

कमिश्नर राधा चौहान और नए डीएम आर रमेश कुमार के तमाम दावों के बावजूद हॉट सिटी की बिजली आपूर्ति में कोई सुधार नहीं आया है। इस कारण भीषण गर्मी में भी10 से 12 घंटे पावर कट होना कोई नई बात नहीं रही। दो सप्ताह पूर्व कार्यभार ग्रहण करते ही मेरठ की कमिश्नर राधा चौहान ने मंडलायुक्त ने हाट सिटी में चरमराई विद्युत आपूर्ति में सुधार लाने के लिए अधिकारियों को सख्त हिदायत दी थी।

यहीं नहीं हाल ही में नियुक्त हुए डीएम आर रमेश कुमार ने भी विकास कार्यो की समीक्षा के दौरान बीमार औद्योगिक इकाईयों को पटरी पर लाने के लिए यूपीपीसीएल के अधिकारियों से बैठक कर विद्युत आपूर्ति में सुधार लाने का दावा किया था, लेकिन अधिकारियों के ढीले रवैए से नव नियुक्त डीएम और कमिश्नर की एक नहीं चली। अब उद्योग बंधुओं की शिकायत पर कमिश्नर और डीएम एक बार फिर विद्युत विभाग के आलाअधिकारियों को बैठक पर बुलाया है। इससे विभाग के आला अधिकारियों की हालत खराब गई है। कमिश्नर के फरमान पर मेरठ मंडल के मुख्य अभियंता विद्युत गाजियाबाद पर विशेष नजर रखे हुए हैं तथा यहां के अभियंताओं से निरंतर समन्वय बनाने की रणनीति तैयार करने में जुट गए हैं,जिससे कि विद्युत आपूर्ति दुरुस्त की जा सकें।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:कमिश्नर और डीएम के आदेश के बाद भी हुए फेल