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अनाज का भारी संकट 40 देशों ने निर्यात रोका

संयुक्त राष्ट्र ने चेतावनी दी है कि जो देश अनाज के लिए दूसरे राष्ट्रों पर निर्भर हैं उनके समक्ष खाद्य संकट गहराने वाला है क्योंकि भारत समेत 40 बड़े निर्यातक देशों ने अनाज के निर्यात पर प्रतिबंध लगा दिया है। भारत ने हाल में चावल के निर्यात पर प्रतिबंध लगाया है। यह भी आशंका है कि कुछ समय बाद अन्य खाद्य पदार्थो का निर्यात भी रुक जाए। इससे गरीब देशों में त्राहि मच जाएगी। संयुक्त राष्ट्र के वर्ल्ड फूड प्रोग्राम ने इस बात के लिए भी आगाह किया है कि खाने वाली चीजों के लगातार बढ़ते दाम करोड़ों लोगों को गरीबी की ओर ढकेल देंगे।ड्ढr प्रोग्राम के कार्यकारी निदेशक जोसेट शीरन ने कहा कि जून 2007 से फरवरी 2008 के बीच खाने की चीजों की कीमतें 55 फीसदी बढ़ी हैं। इनकी अधिक खपत के कारण स्टोरेज पर भी उलटा असर पड़ रहा है। इससे संयुक्त राष्ट्र के कार्यक्रम को भी खतरा है, जिसके जरिए वह गरीब देशों को अनाज मुहैया कराता है। संयुक्त राष्ट्र ने महँगाई बढ़ने के कई कारण गिनाएँ हैं। इनमें बॉयोफ्यूल की बढ़ती माँग, बढ़ती जनसंख्या, भारत और चीन में मध्य वर्ग के बढ़ते प्रभाव व उनकी खरीद क्षमता शामिल हैं। साथ ही खराब मौसम ने और कहर बरपाया है। इन कारणों से खाद्य पदार्थो के दाम उस ऊँचाई पर पहुँच गए है, जो 10 करोड़ लोगों को गरीबी के कुएँ में ढकेल देंगे। संयुक्त राष्ट्र ने अपील की है कि इस समय पूरी दुनिया को एकाुट होकर इस समस्या से निपटने की जरूरत है जबकि अंतरराष्ट्रीय दानदाता थक से गए हैं।ड्ढr पूरी दुनिया से आ रही रिपोर्ट साफ करती है कि कुछ अंतरराष्ट्रीय गैर सरकारी संगठन राहत कार्यक्रमों में कटौती कर रहे हैं। इसका अंतिम असर संयुक्त राष्ट्र के कार्यक्रमों पर पड़ेगा। वर्ल्ड फूड प्रोग्राम के अनुसार संयुक्त राष्ट्र पिछले जून की अपेक्षा अब 40 फीसदी कम अनाज खरीद सकता है। शीरन ने कहा कि एशिया में चावल के दाम पिछले एक महीने के अंदर दोगुने हो गए हैं। हमें चिंता इसलिए है क्योंकि यह मसला सिर्फ भूख से जुड़ा नहीं है। यह देशों के स्थायित्व को डगमगा सकता है। उन्होंने कहा बड़ी चुनौती सुचारु आपूर्ति बनाए रखना है। बड़े निर्यातकों ने निर्यात पर रोक लगा दी है। इससे आयात करने वाले देशों पर प्रभाव पड़ रहा है, जिनमें से ज्यादातर कम अनाज की समस्या से जूझरहे हैं। शीरन ने बताया कि हमारा शुरुआती लक्ष्य बीज, खाद व अन्य जरूरी चीजें उपलब्ध कराना है। (प्रेट्र)ं

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