Image Loading
शनिवार, 28 मई, 2016 | 05:34 | IST
 |  Image Loading
ब्रेकिंग
  • आईपीएल 9: हैदराबाद की ओर से डेविड वार्नर ने 58 गेंदों पर नाबाद 93 रनों की पारी खेली
  • आईपीएल 9: अब हैदराबाद की फाइनल में आरसीबी से भिड़ंत होगी
  • आईपीएल 9: सनराइजर्स हैदराबाद ने गुजरात लायंस को चार विकेट से हराया
  • आईपीएल 9: सनराइजर्स हैदराबाद ने 15 ओवर में पांच विकेट खोकर 116 रन बनाए
  • आईपीएल 9: सनराइजर्स हैदराबाद ने 10 ओवर में तीन विकेट खोकर 66 रन बनाए
  • आईपीएल 9: सनराइजर्स हैदराबाद ने 5 ओवर में दो विकेट खोकर 43 रन बनाए
  • आईपीएल 9: गुजरात लायंस ने सनराइजर्स हैदराबाद के सामने 163 रन का लक्ष्य रखा
  • आईपीएल 9: गुजरात लायंस ने 15 ओवर में पांच विकेट खोकर 109 रन बनाए
  • आईपीएल 9: गुजरात लायंस ने 10 ओवर में तीन विकेट खोकर 67 रन बनाए
  • आईपीएल 9: गुजरात लायंस ने 5 ओवर में दो विकेट खोकर 32 रन बनाए
  • आईपीएल 9: गुजरात लायंस के सुरेश रैना सिर्फ 1 रन बनाकर आउट
  • आईपीएल 9: सनराइजर्स हैदराबाद ने टॉस जीता, पहले फील्डिंग का फैसला
  • सीबीएसई दसवीं क्लास का रिजल्ट कल दोपहर 2 बजे घोषित होगा
  • गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने कहा, जिस दिन जीएसटी बिल पास होगा, हमारी विकास दर 1.5 से 2...
  • यूपी: स्पेन में बनी टेल्गो ट्रेन का ट्रायल रन बरेली और भोजीपुरा रेल रूट पर हुआ
  • इशरत जहां से जुड़ी फाइलें नहीं मिलीं, गृह मंत्रालय से कुछ फाइलें गायब हुईं थीं,...
  • सीबीआई ने NCERT के अंडर सेक्रेटरी हरीराम को रिश्वत लेते रंगे हाथो गिरफ्तार किया: ANI
  • केन्द्र सरकार के संस्कृति मंत्रालय ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस से जुड़ी 25 और...
  • हरियाणा सरकार ने की घोषणा, पीपली बस ब्लास्ट शामिल लोगों के बारे में सूचना देने...
  • 286 अंक चढ़ा सेंसेक्स, 26,653.60 पर हुआ बंद
  • विशेषज्ञ समिति ने नई शिक्षा नीति का मसौदा मानव संसाधन मंत्रालय को सौंपा
  • उत्तर प्रदेश में सीएम कैंडिडेट के नाम पर शाह बोले, जनता तय करेगी कौन होगा उनका...
  • NEET: सुप्रीम कोर्ट का केंद्र सरकार द्वारा लाये गए अध्यादेश पर रोक लगाने से इनकार।

सरकार देश के कानून की पवित्रता कायम रखेः टाटा

मुंबई, एजेंसी First Published:09-12-2012 05:44:12 PMLast Updated:09-12-2012 07:53:44 PM
सरकार देश के कानून की पवित्रता कायम रखेः टाटा

टाटा समूह के निवर्तमान चेयरमैन रतन टाटा घोटालों तथा पिछली तारीख से करारोपण के कारण इस समय भारत की जो छवि बनी है उससे परेशान हैं। वह चाहते हैं कि सरकार देश के कानून की पवित्रता को बनाए रखने के लिए अपनी दृढ़ प्रतिबद्धता जताए।

टाटा समूह की 50 साल तक सेवा करने के बाद सेवानिवत्त हो रहे रतन टाटा ने कहा कि भारत की आज जो छवि है, वैसी पहले कभी नहीं थी। इन 50 वर्षों में वह 21 साल तक समूह के चेयरमैन रहे। करीब एक घंटे चले साक्षात्कार में टाटा ने समूह के प्रमुख के रूप में अपने कार्यकाल में किए गए निर्णयों, मौजूदा निवेश परिदृश्य तथा व्यावसायिक नैतिकता तथा भाई-भतीजावाद वाली पूंजीवादी व्यवस्था के बारे में बातें कीं।

इस महीने 75 साल के हो रहे टाटा ने कहा कि हाल के घोटालों, अदालती प्रक्रियाओं तथा पिछली तारीख से करारोपण जैसी बातों से भारत की छवि को धक्का लगा है, इन सबके कारण सरकार की विश्वसनीयता को लेकर निवेशकों में असमंजस की स्थिति बनी है। उन्होंने कहा कि आपको भारत में निवेश के लिए एफआईपीबी से मंजूरी मिली और आपने कंपनी बनाई, आपको परिचालन के लिए लाइसेंस मिला और फिर उसके तीन साल बाद वही सरकार आपसे कहती है कि आपका लाइसेंस अवैध है और आपका सब कुछ चला गया।

टाटा ने कहा कि इससे अनिश्चितता का माहौल बनता है। इससे पहले कभी भारत की ऐसी छवि नहीं रही। वास्तव में इन सबने मुझे परेशान किया क्योंकि तब इसका तात्पर्य है कि कुछ भी हो सकता है। रतन टाटा ने जोर दे कर कहा कि भारत को यह दृढ़ प्रतिबद्धता व्यक्त करनी होगी कि देश के कानून में पवित्रता है और सरकार के फैसले को हल्के ढंग से नहीं लिया जा सकता। उन्होंने कहा कि ऐसा न हुआ तो भारत को हल्के में लिया जाएगा मौजूदा स्थिति की आलोचना करने के बावजूद टाटा भारत के आर्थिक भविष्य को लेकर पूरे आशावान है।

निवेशकों का विश्वास बहाल करने के लिए सरकार द्वारा हाल में उठाए गए कदमों का स्वागत करते हुए टाटा ने कहा कि एफडीआई तथा अन्य चीजों के लिए हाल में उन्होंने जो कुछ किया, मेरे हिसाब से उससे कुछ हद तक विश्वास बहाल होगा। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि भले ही इन कदमों का बड़ा सकारात्मक प्रभाव हो सकता है लेकिन इतना ही पर्याप्त नहीं है।

टाटा ने कहा कि लोगों को यह विश्वास दिलाने का प्रयास करना होगा कि देश में जो कानून बने हैं, जो विधान हैं, वे बने रहेंगे। अगर इनमें बदलाव करना हो तो वह तार्किक तरीके से होना चाहिए और वह आगे अपने वाले समय के लिए होना चाहिए न कि उसे पिछली तिथि से प्रभावी बनाया जाए। बहु-ब्रांड खुदरा क्षेत्र में एफडीआई को एक महत्वपूर्ण कदम बताते हुए टाटा ने कहा कि इससे उपभोक्ताओं के समक्ष चुनाव के लिए ज्यादा विकल्प उपलब्ध होंगे और उम्मीद है कि ये विकल्प अपेक्षाकृत कम लागत वाले होंगे। अगर ऐसा नहीं होगा तो यह माडल को विफल समझा जाएगा।

रतन टाटा ने प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की सराहना करते हुए उन्हें अत्यंत ईमानदार नेता तथा 1990 के सुधारों का सूत्रधार बताया। उन्होंने कहा कि  रा मानना है कि प्रधानमंत्री को आगे बढना ही था। अगर उनकी चारो तरफ से आलोचना हो रही थी। उसके बाद आप कुछ नहीं करते हैं। अगर आप उनसे चाहते हैं कि वह कुछ करे और आप उन पर चारो तरफ से हमला करते हैं तो पूरी तरह से ऐसी संभावना है कि वह कुछ नहीं करेंगे।

क्रोनी कैपिटलीज्म अपनों को चुनचुन कर लाभ पहुंचाने वाले पूंजीवाद के विषय में पूछे गए एक सवाल के जवाब में टाटा के चेयरमैन ने कहा कि यह न केवल भारत में बल्कि वैश्विक स्तर पर मुद्दा बनता जा रहा है। भारत इस मामले में भारत अगुवा नहीं है पर हम काफी उजागर हो गए हैं। उन्होंने कहा कि अपनो को लाभ पहुंचाने वाले पूंजीवाद में ऐसी स्थिति बनती है जिससे अमीर और अमीर तथा गरीब और गरीब होता जाता है। यह असमानता हमें ऐसी असामान्य स्थिति की ओर ले जाती है जहां शक्ति कुछ सीमित जगहों तक केंद्रित हो जाती है और प्रतिस्पर्धी में असंतुलनकारी स्थिति पैदा हो जाती है।

टाटा ने कहा कि क्रोनी कैपिटलीज्म (अपनो को लाभ पहुंचाने वाला पूंजीवाद) से मुलत: कानूनों को उनकी सही भावना के साथ लागू कर के निपटा जा सकता है। उन्होंने कहा कि हम जिन कायदे कानूनों के तहत काम कर रहे हैं, उसमें कुछ भी गलत नहीं है। लेकिन दुर्भाग्य से भारत में हम जो करना चाहते हैं उसमें हम जो कानून बनाते हैं, उसका पाठ तो बहुत अच्छा होता है, पर उस पर अमल खराब है। टाटा ने कहा कि इससे कानून का उल्लंघन होता है और जिससे निपटने के लिए नया कानून बनता है और सबके लिए ऐसी रोक लग जाती है मानो सभी कानून का उल्लंघन करने वाले ही हो गए हैं।

 
 
 
 
 
अन्य खबरें
 
देखिये जरूर
जरूर पढ़ें
Bihar Board Result 2016
Assembely Election Result 2016
क्रिकेट स्कोरबोर्ड
क्रिकेट