Image Loading
शुक्रवार, 30 सितम्बर, 2016 | 13:50 | IST
Mobile Offers Flipkart Mobiles Snapdeal Mobiles Amazon Mobiles Shopclues Mobiles
खोजें
ब्रेकिंग
  • शहाबुद्दीन फिर जाएगा जेल, सुप्रीम कोर्ट ने जमानत रद्द की
  • शराबबंदी पर पटना हाई कोर्ट ने नोटिफिकेशन रद्द कर संशोधन को गैरसंवैधानिक कहा
  • KOLKATA TEST: पहले दिन लंच तक टीम इंडिया का स्कोर 57/3, पुजारा-रहाणे क्रीज पर मौजूद
  • INDOSAN कार्यक्रम में पीएम मोदी ने NCC को स्वच्छता अवॉर्ड से सम्मानित किया
  • सीसीएस की बैठक में शामिल होने गृह मंत्रालय पहुंचे NSA अजित डोभाल और मंत्री किरन...
  • सर्जिकल स्ट्राइक के बाद संभला भारतीय शेयर बाजार, 63 अंक की बढ़त के साथ 27,891 पर...
  • सर्जिकल स्ट्राइक के बाद भारतीय नौसेना अलर्ट, मुंबई में नेवी के कई कार्यक्रम...
  • INDvsNZ: कोलकाता टेस्ट में भारत का टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला
  • कोलकाता टेस्ट से पहले कीवी टीम को बड़ा झटका, इसके अलावा पढ़ें क्रिकेट और अन्य...
  • सर्जिकल स्ट्राइक के बाद भारतीय सेना ने बीती रात जम्मू-कश्मीर के सांबा सेक्टर के...
  • INDvsNZ: कोलकाता टेस्ट में न्यूजीलैंड की कप्तानी करेंगे रोस टेलर, बीमार केन विलियमसन...
  • मौसम अलर्टः दिल्लीवालों को गर्मी से नहीं मिलेगी राहत। पटना, रांची और देहरादून...
  • भविष्यफल: मेष राशि वालों के लिए आज है मांगलिक योग। आपकी राशि क्या कहती है जानने...
  • कल से शुरू हो रहे हैं नवरात्रि, आज ही कर लें ये तैयारियां
  • PoK में भारतीय सेना के ऑपरेशन में 38 आतंकी ढेर, पाक का 1 भारतीय सैनिक को पकड़ने का...

हल्के में न लें प्री बोर्ड परीक्षा को

संजीव कुमार सिंह First Published:02-01-2013 01:31:28 PMLast Updated:00-00-0000 12:00:00 AM
हल्के में न लें प्री बोर्ड परीक्षा को

बोर्ड परीक्षा की तैयारी तो सभी छात्र करते हैं, लेकिन उन्हीं छात्रों की भीड़ में से कई चेहरे कुछ ऐसा कर गुजरते हैं, जो उनके लिए यादगार बन जाता है। उनकी इस अप्रत्याशित सफलता के पीछे कहीं न कहीं उनकी सकारात्मक सोच व सही रणनीति का भी अहम रोल होता है। संजीव कुमार सिंह का विश्लेषण

कुछ ही दिनों बाद छात्रों को प्री-बोर्ड परीक्षा में बैठना है। छात्र अक्सर इस प्री-बोर्ड परीक्षा को गंभीरता से नहीं लेते। इसके पीछे उनके कई तर्क होते हैं। मसलन, जब प्री-बोर्ड के अंक मुख्य परीक्षा में जोड़े ही नहीं जाते तो इसके लिए तैयारी क्या करना, हम बोर्ड परीक्षा की तैयारी अच्छे से करेंगे, जबकि वास्तविकता यह है कि मुख्य परीक्षा की बुनियाद इसी प्री-बोर्ड से रखी जाती है। यदि इसमें लापरवाही बरती गई तो बोर्ड परीक्षा के दौरान उन्हें तमाम दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। ऐसा भी देखा गया है कि प्री-बोर्ड के नतीजे छात्र की मनोस्थिति पर गहरा प्रभाव डालते हैं। जिन छात्रों के प्री-बोर्ड के नतीजे अच्छे आए होते हैं, वे और अधिक उत्साह से मुख्य परीक्षा की तैयारी में लग जाते हैं। कम अंक पाने वाले छात्र यह मान बैठते हैं कि अब कुछ नहीं हो सकता। इसलिए छात्र प्री-बोर्ड परीक्षा को हल्के में न लेते हुए मुख्य परीक्षा की भांति परीक्षा में बैठें और अपना सर्वश्रेष्ठ देने की कोशिश करें।

सोच सकारात्मक रखें
परीक्षा चाहे कोई भी हो, छात्रों को सबसे पहले अपनी मानसिक स्थिति मजबूत करनी होगी। तैयारी तो कम या ज्यादा, सभी छात्र करते हैं। उसी तैयारी पर भरोसा जताते हुए छात्र इस प्री-बोर्ड में कूद जाएं। इस क्रम में छात्रों को अपनी सोच सकारात्मक रखनी होगी। उन्हें मन में न कोई हीन भावना पालनी चाहिए और न ही अभी से अपने परिणाम के संदर्भ में पहले से कोई धारणा बनानी चाहिए। बुलंद हौसले के साथ पेपर देने जाएं। यकीन मानिए, आप अपनी उम्मीद से बेहतर कर गुजरेंगे। जो कुछ परेशानी है, उसे माता-पिता से सांझा करें। निश्चित तौर पर वे आपकी परेशानी को समझेंगे।

समय प्रबंधन हो कुछ खास
छात्रों की सफलता में एक महत्वपूर्ण भूमिका समय प्रबंधन की होती है। इसका विभाजन कुछ इस प्रकार हो कि हर विषय को उसकी जरूरत के हिसाब से समय मिले। समय का विभाजन करते समय यह ध्यान दें कि एक से डेढ़ घंटे के बाद ब्रेक मिल सके तथा दो कठिन विषयों के बीच में एक आसान विषय शामिल हो। जब भी पढ़ने बैठें, एक प्लान के तहत ही बैठें। रात या दिन, जब भी पढ़ाई पर फोकस कर पा रहे हों, तभी पढ़ें। टाइम मैनेजमेंट में पढ़ाई के साथ-साथ हर आवश्यक चीज जैसे मॉक टैस्ट, अभ्यास, योग तथा अन्य मनोरंजन के साधनों को भी शामिल करें।

कमजोर बिंदुओं पर विशेष ध्यान
कोई भी छात्र अपने आप में पूर्ण नहीं होता। बात चाहे बोर्ड परीक्षा की हो या प्री-बोर्ड की, उसके कुछ मजबूत विषय होते हैं तो कुछ कमजोर। इन्हीं कमजोर बिन्दुओं को जो छात्र समय रहते दूर कर लेता है, सफलता उसी के कदम चूमती है। शुरुआती तैयारी से यह आभास हो ही गया होगा कि कौन-सा विषय आपके लिए खतरा उत्पन्न कर सकता है। उस विषय विशेष पर ध्यान देने की आवश्यकता होगी कि किस तरह से उसे तैयार किया जा सके। जो विषय समझ में नहीं आ रहा है, उसे याद करें या किसी विशेषज्ञ की मदद लें।

अन्य विषयों के प्रति सजगता
प्री-बोर्ड परीक्षा की तैयारी के दिनों में छात्रों को पहले के पढ़े अधिकांश विषय भूलने लग जाते हैं। छात्र इस परेशानी को कतई नजरअंदाज न करें, क्योंकि इससे छात्रों के सामने खतरनाक स्थिति उत्पन्न हो सकती है। इस बारे में सिर्फ इतनी गुंजाइश हो सकती है कि जहां छात्र कमजोर विषय को चार घंटे दे रहे हैं, वहीं इन पर दो घंटे का समय देना ही होगा। इससे अंकों का संतुलन भी बना रहेगा। यह अवश्य याद रखें कि हर विषय को पढम्ना जरूरी है। अंतर सिर्फ इतना है कि जो विषय आपने अच्छे से तैयार किया है, उसको समय-समय पर दोहराते रहें।

बेहतर प्रस्तुतीकरण स्किल्स दर्शाएं
आजकल प्रजेंटेशन का जमाना है। यदि छात्र इस कला का उपयोग करते हैं तो वे अच्छे अंक बटोर सकते हैं। उत्तर लिखते समय जो भी शब्द जरूरी लग रहा है, उसे रेखांकित कर दें। जहां आवश्यक है, वहां डायग्राम व चार्ट बनाएं। इससे आपकी पूरी जानकारी व्यक्त हो जाएगी। वैल्यू पॉइंट्स (वह महत्वपूर्ण शब्द, जिसमें पूरे उत्तर का भाव हो) लिखने का चलन जोरों पर है। यदि जरा-सा दिमाग लगाया जाए तो हर उत्तर में कोई न कोई वैल्यू पॉइंट जरूर मिल जाएगा।

स्किल्स विकसित करने का मौका मिलता है
गीतांजलि कुमार, करियर काउंसलर

छात्र मुख्य परीक्षा की भांति प्री-बोर्ड परीक्षा को भी गंभीरता से लें। कोशिश यही होनी चाहिए कि प्री-बोर्ड तक वे अपने पाठय़क्रम को खत्म कर लें। इससे उन्हें कमजोर व मजबूत बिन्दुओं का पता तो चलेगा ही, साथ वे ही बोर्ड परीक्षा के पैटर्न, प्रश्नों के स्वरूप और अंकों के विभाजन से परिचित हो सकेंगे। कई छात्रों के लिए तो यह बोर्ड परीक्षा के भय को दूर करने का काम करता है। यह भी सच है कि सिर्फ पूरे पाठय़क्रम की तैयारी कर लेने से ही नंबर अच्छे नहीं आते, इसके लिए और भी कई चीजें आत्मसात करनी होती हैं। उत्तर लिखने का तरीका और प्रस्तुतीकरण भी गहरा प्रभाव डालते हैं। इन्हें अभी से विकसित कर लेंगे तो मुख्य परीक्षा में दिक्कत नहीं होगी। अभिभावकों को भी बच्चों के साथ आत्मीयता के साथ पेश आना होगा।

लाइव हिन्दुस्तान जरूर पढ़ें

 
Hindi News से जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
Web Title:
 
 
 
अन्य खबरें
 
From around the Web
जरूर पढ़ें
क्रिकेट स्कोरबोर्ड