Image Loading Bleeding in the name of the job to the police digest - LiveHindustan.com
रविवार, 25 सितम्बर, 2016 | 02:25 | IST
Mobile Offers Flipkart Mobiles Snapdeal Mobiles Amazon Mobiles Shopclues Mobiles
खोजें
ब्रेकिंग
  • जम्मू में आतंकियों के 2 गाइड गिरफ्तार
  • केरल LIVE: आतंकवाद को एक्सपोर्ट कर रहा पाकिस्तान : PM मोदी
  • केरल LIVE: PM मोदी का पाक पर हमला, कहा- एक देश खून खराबा करने में लगा
  • केरल के कोझिकोड की रैली में पीएम मोदी ने मलयालम में शुरू किया भाषण
  • KANPUR TEST: तीसरे दिन का खेल खत्म, मुरली-पुजारा की नाबाद फिफ्टी, भारत-159/1
  • बिहार: पटना जिले के फतुहा में एएसआई आरआर चौधरी को बदमाशों ने गोली मारी, मौत
  • KANPUR TEST: केएल राहुल 38 रन बनाकर आउट, भारत-52/1
  • KANPUR TEST: न्यूजीलैंड की पारी 262 पर सिमटी, भारत को 56 रनों की बढ़त
  • इराक की राजधानी बगदाद में तीन आत्मघाती बम धमाके, 11 सुरक्षा कर्मियों की मौत: AP
  • कानपुर टेस्ट: न्यूजीलैंड का छठा विकेट गिरा, स्कोर-255/6

नौकरी के नाम पर खून निकालने वाले को हजम कर गई पुलिस

मड़िहान (मिर्जापुर)। हिसं First Published:23-09-2016 01:05:00 PMLast Updated:23-09-2016 01:08:13 PM

मड़िहाल तहसील के ग्रामीण क्षेत्रों से युवाओं को वेंगलुरू और चेन्नई में नौकरी दिलाने से पहले मेडिकल कराने के नाम पर खून निकालकर बेचने वाले गिरोह को मड़िहान थाना की पुलिस हजम कर गई। सप्ताह भर बीतने के बाद भी पकड़े गए एक आरोपित के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हो सकी

राजापुर गांव के दो युवक पिछले एक वर्ष से क्षेत्र लोगों को चेन्नई और अन्य महानगरों में नौकरी दिलाने के नाम पर ले जाते हैं। इसी झांसे में आकर दस दिन पहले गांव के ही सालिक कोल के दो पुत्र 24 वर्षीय चिग्गू व 26 वर्षीय कतरा और इसी गांव 20 वर्षीय सतीश को भी यही कहकर लेकर चले कि चेन्नई में नौकरी दिला देगा। मिर्ज़ापुर पहुंचकर कहे कि नौकरी में मेडिकल रिपोर्ट देनी होती है। इसलिए यहीं पर खून की जांच करा लें। जिससे वहां पहुचंने पर तुरंत काम मिल जाए। दोनों धंधेबाज तीनों युवकों को एक निजी चिकित्सालय में ले गए खून निकलवाकर बेच दिए। इसके एवज में तीनों को दो-दो सौ रुपये दिया। खून निकलवाने के बाद कतरा की हालत खराब होने पर तीनों भाग गए। किसी तरह चिग्गू और सतीश दवा दिलाने के बाद कतरा को लेकर घर पहुंचे और परिजनों को पूरी कहानी बताया। इससे आक्त्रोशित परिजन आरोपित के घर पर पहुंचे और खून निकलवाने की बात पूछी तो आना कानी करने लगा। गुस्साए परिजन जब पिटाई किए तो सब कबूल कर लिया। परिजनों की तहरीर पर पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया और मामले में आरोपित दूसरे की तलास शुरू कर दी। थानाध्यक्ष यूपी सिंह की ओर से अभी भी यही कहा जा रहा है कि पूरा ब्योरा जुटाने के बाद कार्रवाई की जाएगी। पीड़ित पक्ष का कहना है कि अभी पुलिस को आरोपितों केखिलाफ कार्रवाई के लिए कितना समय चाहिए,यह समझ से पहरे है।

लाइव हिन्दुस्तान जरूर पढ़ें

 
Hindi News से जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
Web Title: Bleeding in the name of the job to the police digest
 
 
 
अन्य खबरें
 
From around the Web
जरूर पढ़ें
क्रिकेट स्कोरबोर्ड