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आरुषि हत्याकांड: जानिए क्या होता है संदेह का लाभ

Aarushi talwar

आम तौर पर देखने और सुनने को मिलता है कि अदालत ने आरोपी को संदेह का लाभ देकर बरी कर दिया। आखिर यह होता क्या है। इस बारे में आपराधिक मामलों के जानकार व सुप्रीम कोर्ट में वकालत कर रहे अधिवक्ता डी.बी. गोस्वामी बताते हैं ‘ दरअसल यह जजों का अपनी राय होती है कि वह पेश साक्ष्यों व दलीलों पर कितना भरोसा करते हैं।’

उन्होंने कहा कि कई बार निचली अदालत जिस साक्ष्य पर भरोसा कर आरोपी को दोषी ठहराती हैं, ऊपरी अदालत उस साक्ष्यों पर भरोसा नहीं करती हैं। ऐसे में जज आरोपी को संदेह का लाभ देते हैं। संदेह का लाभ देने का प्रावधान किस कानून में है, इसके जवाब में गोस्वामी बताते हैं कि ऐसा कोई प्रावधान नहीं है। लेकिन न्याय का प्राकृतिक सिद्धांत यह कहता है कि किसी निर्दोष को सजा न मिले। इसी आधार पर जब अदालत को लगता है कि साक्ष्य भरोसे लायक नहीं है तो वह आरोपी को संदेह का लाभ दे देती हैं। 

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  • Web Title:Aarushi massacre know what is the benefit of doubt
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